
पुष्प अर्पित कर जलाए दीप-अगरबत्ती, 5 मिनट का मौन रखकर दी श्रद्धांजलि; वरिष्ठ पत्रकारों ने सुनाए संघर्ष और निर्भीक पत्रकारिता के किस्से
पत्थलगांव। वरिष्ठ पत्रकार एवं प्रेस क्लब के आदरणीय सदस्य श्री रमेश शर्मा जी के आकस्मिक निधन से पत्रकारिता जगत में शोक की लहर है। उनके निधन से स्तब्ध प्रेस क्लब के सदस्यों ने एकत्र होकर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। सदस्यों ने पुष्प अर्पित किए, अगरबत्ती जलाकर श्रद्धासुमन अर्पित किए और उनकी आत्मा की शांति के लिए 5 मिनट का मौन धारण किया।
इस दौरान प्रेस क्लब के सदस्य एवं नवभारत के पत्रकार राजेश अग्रवाल ने रमेश शर्मा जी को श्रद्धांजलि देते हुए उन्हें “जशपुर जिले के पत्रकारों का भीष्म पितामह” कहकर संबोधित किया। उन्होंने कहा कि रमेश शर्मा जी ने पत्रकारिता को केवल पेशा नहीं, बल्कि समाज और जनता की आवाज बनने का माध्यम माना।
वरिष्ठ पत्रकार रविंद्र सिंह भाटिया, जो रमेश शर्मा जी के लंबे समय से पत्रकारिता के साथी रहे, ने उनके व्यक्तित्व और पत्रकारिता जीवन से जुड़े कई संस्मरण साझा किए। उन्होंने बताया कि रमेश शर्मा जी की पत्रकारिता में निर्भीकता, अनुभव और जनहित की भावना स्पष्ट दिखाई देती थी। उन्होंने पत्रकारिता की कई बारीकियां और गुण नई पीढ़ी तक पहुंचाए।
श्रद्धांजलि सभा में रमेश शर्मा जी के कई उत्कृष्ट कार्यों को भी याद किया गया। वक्ताओं ने कहा कि उनकी बेबाक खबरों और निष्पक्ष पत्रकारिता ने उन्हें अलग पहचान दिलाई थी। कई अधिकारी उनका सम्मान करते थे, वहीं भ्रष्टाचार के खिलाफ उनकी निर्भीक कलम से गलत काम करने वाले अधिकारी भी सतर्क रहते थे। यही उनकी पत्रकारिता की ताकत और पहचान थी।
प्रेस क्लब सदस्यों ने कहा कि रमेश शर्मा जी का जाना केवल एक वरिष्ठ पत्रकार का जाना नहीं, बल्कि पत्रकारिता के एक अनुभवी मार्गदर्शक और मजबूत स्तंभ का चले जाना है। उनकी कमी लंबे समय तक महसूस की जाएगी।
श्रद्धांजलि सभा के दौरान प्रेस क्लब का माहौल पूरी तरह गमगीन रहा। सदस्यों ने भावुक होकर कहा कि रमेश शर्मा जी की आवाज भले ही शांत हो गई हो, लेकिन उनकी कलम से निकली सच्चाई और पत्रकारिता के सिद्धांत हमेशा जीवित रहेंगे।
क्रांतिकारी पत्रकार वैभव शर्मा की विशेष खबर
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