उप संपादक वैभव शर्मा की कलम से ✍🏼

डीआईजी एवं एसएसपी राजेश अग्रवाल की सख्त नीति का दिखा असर, अपराधियों को पनाह देने वालों पर भी अब कानून का शिकंजा। ‘समाधान ऐप’ से घर बैठे कुछ मिनटों में कराएं किरायेदारों का पुलिस सत्यापन।
अंबिकापुर। सरगुजा में अब बिना पुलिस सत्यापन के किरायेदार रखना भारी पड़ सकता है। जिले में पहली बार किरायेदार का पुलिस वेरिफिकेशन नहीं कराने वाले एक मकान मालिक को गिरफ्तार कर एफआईआर दर्ज की गई है। डीआईजी एवं एसएसपी राजेश अग्रवाल के स्पष्ट निर्देश के बाद पुलिस ने साफ संदेश दिया है कि अब लापरवाही करने वाले मकान मालिक भी कानून के दायरे में आएंगे।
थाना गांधीनगर की जांच में सामने आया कि आरोपी मकान मालिक ने किरायेदारों की जानकारी पुलिस को नहीं दी थी और उनका सत्यापन भी नहीं कराया था। बाद में इन्हीं किरायेदारों का नाम डकैती और आर्म्स एक्ट जैसे गंभीर मामलों में सामने आया। इसके बाद पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई अन्य मकान मालिकों के लिए भी स्पष्ट चेतावनी है।
सरगुजा पुलिस लगातार लोगों को जागरूक कर रही है कि किरायेदार का सत्यापन केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि परिवार और समाज की सुरक्षा का महत्वपूर्ण कदम है। अब ‘समाधान ऐप’ और CCTNS नागरिक सेवा पोर्टल के जरिए घर बैठे कुछ ही मिनटों में ऑनलाइन सत्यापन कराया जा सकता है। इच्छुक नागरिक अपने नजदीकी थाना में जाकर ऑफलाइन प्रक्रिया भी पूरी कर सकते हैं।
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि यदि आपके आसपास कोई संदिग्ध व्यक्ति, बिना जानकारी के रह रहा किरायेदार या संदिग्ध मुसाफिर दिखाई दे तो तत्काल पुलिस हेल्पलाइन 9479193599 अथवा डायल 112 पर सूचना दें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
